Madhya Pradesh Weather Today : मध्य प्रदेश में मानसून अब पूरी तरह सक्रिय हो चुका है। मौसम विभाग के अनुसार अगले चार दिनों तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में भारी से अति भारी बारिश का दौर जारी रहेगा। लगातार सक्रिय मौसम प्रणाली, अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से मिल रही नमी तथा निम्न दबाव क्षेत्र (Low Pressure Area) के प्रभाव से प्रदेश के कई जिलों में मूसलाधार बारिश होने की संभावना है। मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने और आवश्यक होने पर ही घर से बाहर निकलने की सलाह दी है। भारी बारिश के कारण कई इलाकों में जलभराव, नदी-नालों का जलस्तर बढ़ने और यातायात प्रभावित होने की आशंका भी जताई गई है।
मध्य प्रदेश में क्यों बढ़ी बारिश? Madhya Pradesh Weather Today
इस बार मानसून प्रदेश में सामान्य तिथि से करीब नौ दिन की देरी से पहुंचा था। जून महीने में पर्याप्त बारिश नहीं होने के कारण किसानों और आम लोगों को बारिश का इंतजार करना पड़ा। हालांकि जुलाई की शुरुआत के साथ ही मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार मध्य भारत के ऊपर सक्रिय निम्न दबाव क्षेत्र, मानसूनी ट्रफ और अरब सागर व बंगाल की खाड़ी से लगातार मिल रही नमी के कारण पूरे प्रदेश में मानसून ने रफ्तार पकड़ ली है। यही वजह है कि अगले चार दिनों तक अधिकांश जिलों में लगातार बारिश होने की संभावना बनी हुई है। Madhya Pradesh Weather Today
खंडवा और हरदा में रेड अलर्ट जारी
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने पहली बार इस मानसून सीजन में खंडवा और हरदा जिलों के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। विभाग के अनुसार इन दोनों जिलों में अगले 24 घंटे के दौरान 100 से 200 मिलीमीटर यानी लगभग 4 से 8 इंच तक बारिश हो सकती है। इतनी अधिक वर्षा के कारण निचले इलाकों में पानी भरने, सड़कें बंद होने, नदी-नालों के उफान पर आने और बाढ़ जैसे हालात बनने का खतरा बढ़ गया है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे नदी-नालों के पास न जाएं, अनावश्यक यात्रा से बचें और मौसम विभाग द्वारा जारी चेतावनियों पर लगातार नजर रखें। Madhya Pradesh Weather Today

इन जिलों में अति भारी बारिश का अलर्ट
रेड अलर्ट वाले जिलों के अलावा धार, बड़वानी, खरगोन, देवास, बुरहानपुर और बैतूल जिलों में भी अति भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इन जिलों में कुछ स्थानों पर लगातार कई घंटों तक तेज बारिश हो सकती है। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क संपर्क टूटने, खेतों में जलभराव और सामान्य जनजीवन प्रभावित होने की आशंका है। प्रशासन ने स्थानीय अधिकारियों को भी सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। Madhya Pradesh Weather Today
19 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग ने रतलाम, उज्जैन, राजगढ़, रायसेन, नर्मदापुरम, सागर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, बालाघाट, डिंडौरी और अनूपपुर सहित कुल 19 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। इन क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश, बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की संभावना भी बनी हुई है। अन्य जिलों में भी हल्की से मध्यम बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है।
पूरे प्रदेश में मानसून सक्रिय, फिर भी 38 जिले बारिश में पीछे
हालांकि मानसून ने पूरे मध्य प्रदेश को कवर कर लिया है, लेकिन बारिश का वितरण अभी भी असमान बना हुआ है। मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार प्रदेश के लगभग 38 जिलों में अब भी सामान्य से कम वर्षा दर्ज की गई है। दूसरी ओर भोपाल, इंदौर, देवास सहित करीब 15 जिलों में सामान्य से अधिक बारिश रिकॉर्ड की गई है। सबसे अधिक बारिश देवास जिले में दर्ज की गई है, जहां अब तक करीब साढ़े 10 इंच वर्षा हो चुकी है। वहीं भोपाल और इंदौर में भी 8 इंच से अधिक बारिश रिकॉर्ड की गई है।
जून की कमी जुलाई में होगी पूरी
मौसम विभाग का मानना है कि जुलाई का महीना मध्य प्रदेश के लिए बेहद महत्वपूर्ण रहेगा। प्रदेश की कुल मानसूनी बारिश का लगभग 40 प्रतिशत हिस्सा जुलाई में ही होता है। ऐसे में यदि अगले कुछ दिनों तक बारिश का सिलसिला जारी रहता है तो जून महीने में हुई वर्षा की कमी काफी हद तक पूरी हो सकती है। इससे जलाशयों में पानी का स्तर बढ़ेगा, भूजल रिचार्ज होगा और सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध हो सकेगा। Madhya Pradesh Weather Today
अब तक 23 प्रतिशत कम बारिश दर्ज
प्रदेश में अब तक औसतन 113.1 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई है, जबकि इस अवधि में सामान्य वर्षा 147.7 मिलीमीटर मानी जाती है। यानी मध्य प्रदेश में अब तक लगभग 23 प्रतिशत कम बारिश हुई है। पूर्वी मध्य प्रदेश के कई जिलों में वर्षा की कमी अधिक बनी हुई है, जबकि पश्चिमी हिस्सों में बारिश की स्थिति अपेक्षाकृत बेहतर है। यदि जुलाई में अच्छी बारिश होती है तो यह अंतर काफी कम हो सकता है। Madhya Pradesh Weather Today
किसानों के लिए राहत की खबर
लगातार हो रही बारिश खरीफ फसलों के लिए काफी लाभदायक मानी जा रही है। प्रदेश में सोयाबीन, धान, मक्का, कपास, उड़द और मूंग जैसी प्रमुख फसलों की बुवाई तेजी से चल रही है। जून में कम बारिश के कारण जिन किसानों ने बुवाई रोक रखी थी, उनके लिए अब मौसम अनुकूल हो गया है। हालांकि जिन क्षेत्रों में अत्यधिक बारिश होगी, वहां खेतों में जलभराव से फसलों को नुकसान भी पहुंच सकता है। कृषि विशेषज्ञ किसानों को खेतों से अतिरिक्त पानी निकालने और मौसम के पूर्वानुमान के अनुसार कृषि कार्य करने की सलाह दे रहे हैं। Madhya Pradesh Weather Today
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लोगों के लिए मौसम विभाग की एडवाइजरी
भारी बारिश के दौरान लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। मौसम विभाग ने सलाह दी है कि नदी, नालों और पुल-पुलियों को पार करने से बचें। जलभराव वाले इलाकों में वाहन न चलाएं। बिजली चमकने के दौरान खुले स्थानों और पेड़ों के नीचे खड़े न हों। यदि बहुत जरूरी न हो तो भारी बारिश के दौरान यात्रा करने से बचें। साथ ही स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की ताजा चेतावनियों पर लगातार नजर बनाए रखें। Madhya Pradesh Weather Today
अगले चार दिन क्यों हैं अहम?
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार आने वाले चार दिन मध्य प्रदेश के लिए बेहद महत्वपूर्ण रहने वाले हैं। लगातार बारिश से जहां एक ओर जलाशय भरेंगे, भूजल स्तर सुधरेगा और किसानों को राहत मिलेगी, वहीं दूसरी ओर अत्यधिक वर्षा वाले क्षेत्रों में बाढ़, जलभराव और सड़क संपर्क बाधित होने जैसी समस्याएं भी सामने आ सकती हैं। इसलिए प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है और लोगों से भी सतर्क रहने की अपील की गई है। Madhya Pradesh Weather Today
