राजस्थान में मानसून ने एक बार फिर जोर पकड़ लिया है। Rajasthan Update Today के अनुसार राजधानी जयपुर में सोमवार शाम से शुरू हुई बारिश मंगलवार सुबह तक लगातार जारी रही। रातभर हुई बारिश से शहर का मौसम पूरी तरह बदल गया और लोगों को भीषण गर्मी व उमस से राहत मिली। सुबह से ही आसमान में घने बादल छाए रहे और ठंडी हवाओं के कारण मौसम बेहद सुहावना हो गया। मौसम विभाग (IMD) ने आज भी जयपुर और आसपास के इलाकों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है।
तापमान में 3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज
Rajasthan Update Today के मुताबिक लगातार हुई बारिश का असर तापमान पर भी साफ दिखाई दिया। सोमवार को जयपुर का अधिकतम तापमान 34.4 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 29.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, लेकिन रातभर हुई बारिश के बाद अधिकतम तापमान में करीब 3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि यदि बारिश का यह सिलसिला जारी रहता है तो आने वाले दिनों में तापमान में और कमी देखने को मिल सकती है।
आज भी जयपुर में भारी बारिश की संभावना
Rajasthan Update Today के अनुसार मौसम विभाग ने मंगलवार के लिए भी जयपुर में तेज से भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। मानसूनी तंत्र के सक्रिय रहने के कारण शहर और आसपास के क्षेत्रों में रुक-रुक कर बारिश होने की संभावना बनी हुई है। प्रशासन ने नागरिकों से जलभराव वाले इलाकों में सावधानी बरतने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी है।
निचले इलाकों में जलभराव, प्रशासन सतर्क
रातभर हुई बारिश के बाद जयपुर के कई निचले इलाकों और प्रमुख चौराहों पर पानी भर गया। Rajasthan Update Today के अनुसार नगर निगम और प्रशासन ने जलनिकासी व्यवस्था को दुरुस्त रखने के निर्देश दिए हैं ताकि यातायात सामान्य बना रहे। बारिश के कारण कई स्थानों पर वाहन चालकों को धीमी गति से सफर करना पड़ा और लोगों को भी सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
राजस्थान में फिर सक्रिय हुआ मानसून
Rajasthan Update Today के अनुसार बंगाल की खाड़ी से आने वाली नमीयुक्त हवाओं और सक्रिय मौसम प्रणालियों के कारण राजस्थान में मानसून एक बार फिर मजबूत हो गया है। मौसम विभाग का अनुमान है कि 23 जुलाई से 27 जुलाई तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में अच्छी बारिश होगी। इससे लंबे समय से बनी बारिश की कमी काफी हद तक पूरी होने की संभावना है और लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी।
इन संभागों में बढ़ेगी बारिश की गतिविधियां
मौसम विभाग के अनुसार 21 और 22 जुलाई को कोटा, जयपुर, भरतपुर, अजमेर और बीकानेर संभाग में बारिश की गतिविधियां तेज रहेंगी। Rajasthan Update Today के मुताबिक 23 से 27 जुलाई के बीच कोटा, अजमेर, उदयपुर, जयपुर, भरतपुर, जोधपुर और बीकानेर संभाग में लगातार बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। कुछ स्थानों पर भारी से अति भारी बारिश भी दर्ज की जा सकती है।
20 से अधिक जिलों में मेघगर्जन और तेज हवाओं का अलर्ट
Rajasthan Update Today के अनुसार पूर्वी राजस्थान के अजमेर, अलवर, बांसवाड़ा, बारां, भरतपुर, भीलवाड़ा, बूंदी, चित्तौड़गढ़, दौसा, डीग, डूंगरपुर, जयपुर, झालावाड़, झुंझुनूं, करौली, कोटा, प्रतापगढ़, राजसमंद, सलूंबर, सवाई माधोपुर, सीकर, टोंक और उदयपुर में मेघगर्जन, वज्रपात तथा 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। वहीं पश्चिमी राजस्थान के बीकानेर, चूरू, डीडवाना-कुचामन, हनुमानगढ़, नागौर और श्रीगंगानगर में भी इसी तरह का मौसम बना रह सकता है।
भारी बारिश और तेज आंधी की चेतावनी
Rajasthan Update Today के अनुसार अलवर, झुंझुनूं, टोंक, अजमेर, चित्तौड़गढ़, जोधपुर, जैसलमेर, बाड़मेर, भरतपुर, सीकर, प्रतापगढ़, भीलवाड़ा, पाली और बूंदी जिलों में भारी बारिश के साथ 55 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की चेतावनी जारी की गई है। मौसम विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने और बिजली गिरने की आशंका वाले क्षेत्रों से दूर रहने की अपील की है।
मानसून ट्रफ और चक्रवाती परिसंचरण बना बारिश का कारण
Rajasthan Update Today के अनुसार मानसून ट्रफ सामान्य स्थिति की ओर लौट आई है। यह श्रीगंगानगर, रोहतक, हरदोई, सुल्तानपुर, रांची और बालेश्वर होते हुए उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी तक फैली हुई है। इसके अलावा पंजाब, दक्षिण उत्तर प्रदेश और दक्षिण-पश्चिम राजस्थान के ऊपर सक्रिय ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण प्रदेश में लगातार बारिश के लिए अनुकूल परिस्थितियां तैयार कर रहा है।
किसानों और जलाशयों के लिए राहत की उम्मीद
इस मानसून सीजन में अब तक राजस्थान में सामान्य से करीब 21 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है। Rajasthan Update Today के अनुसार पिछले सप्ताह बारिश में भारी कमी के कारण खरीफ फसलों और जलाशयों पर असर देखने को मिला था। मौसम विभाग का मानना है कि यदि 23 से 27 जुलाई के बीच अनुमान के अनुसार अच्छी बारिश होती है तो प्रदेश में वर्षा की कमी काफी हद तक पूरी हो जाएगी। इससे खरीफ फसलों की बढ़वार बेहतर होगी, मिट्टी में नमी बढ़ेगी और जलाशयों का जलस्तर भी सुधरेगा।
