MP Weather Today: मध्य प्रदेश में अक्टूबर के आखिरी सप्ताह में भी नहीं थमेगी बारिश, 11 जिलों में अलर्ट

MP Weather Today: मध्य प्रदेश में अक्टूबर के आखिरी सप्ताह में भी नहीं थमेगी बारिश, 11 जिलों में अलर्ट

MP Weather Today: मध्य प्रदेश में मानसून की विदाई के बाद भी बारिश का सिलसिला जारी है। अक्टूबर के आखिरी सप्ताह में भी प्रदेश के कई जिलों में आंधी और बारिश होने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, गुरुवार को इंदौर, धार, खरगोन समेत 11 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, 24 अक्टूबर से नए मौसम तंत्र के सक्रिय होने के कारण प्रदेश के कुछ हिस्सों में दोबारा बारिश हो सकती है।

बारिश और बादलों के बीच प्रदेश के तापमान में भी बदलाव देखने को मिल रहा है। जहां दिन में गर्मी का असर बना हुआ है, वहीं रात के समय ठंडक बढ़ने लगी है। अमरकंटक में न्यूनतम तापमान 15.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। आइए जानते हैं मध्य प्रदेश में आने वाले दिनों में मौसम कैसा रहने वाला है। MP Weather Today

MP Weather Today: इन 11 जिलों में बारिश और आंधी का अलर्ट

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, गुरुवार को मध्य प्रदेश के 11 जिलों में आंधी और बारिश की संभावना है। इन जिलों में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश होने के आसार हैं। बारिश की संभावना वाले जिलों में इंदौर, आलीराजपुर, धार, बड़वानी, खरगोन, बुरहानपुर, खंडवा, देवास, हरदा, नर्मदापुरम और बैतूल शामिल हैं। इंदौर संभाग में अगले दो दिनों तक बारिश की गतिविधियां जारी रह सकती हैं। मौसम में अचानक बदलाव के कारण किसानों और आम नागरिकों को सावधानी बरतने की जरूरत है। MP Weather Today

MP Weather Today 24 अक्टूबर से फिर बदलेगा मध्य प्रदेश का मौसम

मध्य प्रदेश में 24 अक्टूबर से एक नया मौसम तंत्र सक्रिय होने की संभावना है। इसके प्रभाव से प्रदेश के उत्तर-पश्चिमी हिस्सों में बारिश की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। मौसम तंत्र की सक्रियता और उसकी स्थिति के अनुसार बारिश का प्रभाव अलग-अलग क्षेत्रों में देखने को मिल सकता है। MP Weather Today के पूर्वानुमान के मुताबिक, अक्टूबर के अंतिम सप्ताह में प्रदेश के कई हिस्सों में बादल छाने, तेज हवाएं चलने और बारिश होने की संभावना बनी हुई है। ऐसे में लोगों को मौसम विभाग की ताजा चेतावनियों पर नजर रखनी चाहिए। किसानों को भी फसलों की कटाई, उपज के भंडारण और कृषि कार्यों की योजना मौसम को ध्यान में रखकर बनानी चाहिए।

दशहरे पर चार साल बाद हुई बारिश

इस साल दशहरे के आसपास हुई बारिश ने प्रदेश के मौसम का मिजाज बदल दिया। मंगलवार और बुधवार की रात मध्य प्रदेश के 15 जिलों में बारिश दर्ज की गई। इनमें धार, इंदौर, खरगोन, खंडवा, हरदा, देवास, उज्जैन, आगर-मालवा, राजगढ़, भोपाल, रायसेन, गुना, सागर, सीहोर और रतलाम शामिल हैं।

रायसेन जिले के गैरतगंज में करीब सवा इंच बारिश हुई, जबकि खंडवा में लगभग एक इंच पानी दर्ज किया गया। सीहोर में हवा की रफ्तार 37 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच गई। शाजापुर जिले के अकोदिया में भी शाम के समय करीब 20 मिनट तक बारिश हुई। इंदौर, सीहोर और शाजापुर में तेज बारिश देखने को मिली, जबकि भोपाल में दिनभर बादल छाए रहे और रात में कई इलाकों में बूंदाबांदी हुई। इससे पहले वर्ष 2022 में भी दशहरे के दिन बारिश के कारण रावण दहन के कार्यक्रम प्रभावित हुए थे। MP Weather Today

MP Weather Today: अमरकंटक में 15.8 डिग्री पहुंचा तापमान

बारिश और बादलों के बीच मध्य प्रदेश में रात की ठंडक बढ़ने लगी है। मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, अमरकंटक में न्यूनतम तापमान 15.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। रीवा में न्यूनतम तापमान 16 डिग्री, पचमढ़ी में 16.6 डिग्री, मंदसौर में 16.8 डिग्री और दतिया में 17 डिग्री सेल्सियस रहा। मौसम विभाग के अनुसार, अगले चार दिनों में प्रदेश के कुछ हिस्सों में न्यूनतम तापमान में करीब दो डिग्री सेल्सियस तक गिरावट आ सकती है। इससे सुबह और रात के समय ठंडक बढ़ने की संभावना है।

हालांकि, दिन में गर्मी का असर अभी भी बना हुआ है। भोपाल, राजगढ़, खरगोन, खंडवा, उज्जैन, खजुराहो, नर्मदापुरम और मंदसौर में अधिकतम तापमान 34.4 से 35.8 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया। इस तरह प्रदेश में दिन के समय गर्मी और रात में ठंडक का मिला-जुला असर देखने को मिल रहा है। MP Weather Today

3 अक्टूबर को हुई थी मानसून की विदाई, फिर भी जारी है बारिश

मध्य प्रदेश से 3 अक्टूबर को दक्षिण-पश्चिम मानसून की विदाई हो गई थी। इस बार मानसून एक ही दिन में पूरे प्रदेश से लौट गया, लेकिन इसके बाद भी बारिश की गतिविधियां पूरी तरह नहीं थमीं। पिछले कई दिनों से पूर्वी और पश्चिमी मध्य प्रदेश के अलग-अलग जिलों में आंधी और बारिश का दौर जारी है। अक्टूबर में तापमान में उतार-चढ़ाव, बादल और बारिश का असर देखने को मिलता है। MP Weather Today

इस बार भी प्रदेश के कई हिस्सों में मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है। इस साल दक्षिण-पश्चिम मानसून प्रदेश में करीब 100 दिनों तक सक्रिय रहा। इसके बावजूद प्रदेश के सभी जिलों में बारिश का वितरण एक जैसा नहीं रहा। कुछ क्षेत्रों में अच्छी बारिश दर्ज की गई, जबकि कई जिलों में सामान्य से कम वर्षा हुई।

MP Weather Today: पूर्वी और पश्चिमी मध्य प्रदेश में बारिश का अंतर

MP Weather Today इस साल बारिश के आंकड़ों में पूर्वी और पश्चिमी मध्य प्रदेश के बीच अंतर देखने को मिला है। जबलपुर, रीवा, सागर और शहडोल संभागों में कुल बारिश सामान्य से करीब 4 प्रतिशत अधिक रही है। हालांकि, इन संभागों के कुछ जिलों में भी बारिश की कमी दर्ज की गई।

बालाघाट, छिंदवाड़ा, दमोह, जबलपुर, नरसिंहपुर, पांढुर्णा, रीवा, सागर और सिवनी में सामान्य से लगभग 5 से 21 प्रतिशत तक कम बारिश हुई। वहीं, पश्चिमी मध्य प्रदेश के कई जिलों में बारिश की कमी अधिक रही। आलीराजपुर, अशोकनगर, बड़वानी, बैतूल, देवास, धार, हरदा, इंदौर, झाबुआ, खंडवा, मंदसौर, मुरैना, नर्मदापुरम, नीमच, रायसेन, रतलाम, सीहोर, शाजापुर, उज्जैन और विदिशा में सामान्य से करीब 9 से 51 प्रतिशत तक कम बारिश दर्ज की गई। MP Weather Today

जून में कम बारिश से प्रभावित हुआ मानसून का आंकड़ा

मध्य प्रदेश में इस साल मानसून के दौरान कम बारिश होने की प्रमुख वजह जून में हुई कम वर्षा रही। मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, जून में सामान्य से करीब 14 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई थी। जुलाई की शुरुआत में अच्छी बारिश होने से स्थिति में सुधार आया, लेकिन बाद में मानसून कमजोर पड़ने के कारण कई दिनों तक बारिश की गतिविधियां कम रहीं। मानसून के अंतिम सप्ताह में सक्रिय हुए मजबूत मौसम तंत्र से बारिश में तेजी आई, लेकिन जून की कमी की पूरी भरपाई नहीं हो सकी।

MP Weather Today जुलाई, अगस्त और सितंबर में बेहतर बारिश के बावजूद पूरे मानसूनी सीजन में प्रदेश की कुल वर्षा सामान्य से करीब 4 प्रतिशत कम रही। मध्य प्रदेश में सामान्य बारिश का आंकड़ा लगभग 37.3 इंच बताया गया है। अक्टूबर में सक्रिय हो रहे नए मौसम तंत्र के कारण अब भी प्रदेश के कुछ हिस्सों में बारिश की संभावना बनी हुई है।

किसानों के लिए मौसम को लेकर जरूरी सावधानी

MP Weather Today को देखते हुए किसानों को बदलते मौसम के अनुसार कृषि कार्यों की योजना बनानी चाहिए। जिन क्षेत्रों में बारिश की संभावना है, वहां कटी हुई फसलों और खुले में रखे अनाज को सुरक्षित स्थान पर रखना जरूरी है। खेतों में पानी जमा होने की स्थिति में उचित जल निकासी की व्यवस्था करनी चाहिए। तेज हवाओं, गरज-चमक और बिजली गिरने की आशंका के दौरान खेतों में काम करने से बचना चाहिए। कीटनाशक और उर्वरकों का छिड़काव मौसम साफ होने पर ही करना उचित रहेगा। किसानों को अपने जिले के मौसम पूर्वानुमान और कृषि विभाग की सलाह के अनुसार ही जरूरी फैसले लेने चाहिए।

MP Weather Today: अगले कुछ दिनों में कैसा रहेगा मौसम?

मध्य प्रदेश में अक्टूबर के आखिरी सप्ताह के दौरान मौसम में उतार-चढ़ाव जारी रहने की संभावना है। गुरुवार को 11 जिलों में आंधी और बारिश का अलर्ट है, जबकि 24 अक्टूबर से नए मौसम तंत्र के प्रभाव से कुछ क्षेत्रों में फिर बारिश हो सकती है। रात के तापमान में गिरावट के कारण सुबह और शाम को ठंडक बढ़ सकती है, लेकिन दिन के समय गर्मी का असर बना रह सकता है।इसलिए प्रदेश के लोगों को मौसम के बदलते मिजाज को देखते हुए सावधानी बरतनी चाहिए। खासकर किसानों को फसलों की सुरक्षा और कृषि कार्यों के लिए स्थानीय मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करना चाहिए।

author
Bhawna Purbia is an agriculture writer and digital content creator. He regularly writes about farming techniques, agricultural news, government schemes, and agribusiness trends. Through Kheti Junction, he aims to provide useful and reliable information to farmers across India.

Related Articles

1 Comment

Avarage Rating:
  • 0 / 10

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *